******** नव-वर्ष का अभि-नंदन*******
आप सभी मित्रों को,
नव-वर्ष का अभि-नंदन !
उमंग,उल्लास ओर खुशियों से,
भरा रहे, आपका जीवन !
आपके अरमानों की उडान में,
नये पंख लग जायें !
बीती बातों को भूलें,
नये-नये सपने सजायें !
आरोग्य,सुख,ओर,समृद्धी से,
भरा रहे आपका जीवन !
दीपक की पावन, ज्योति सा,
मन का हर कोना रहे रोशन !
भूख से न कोई,बेहाल रहे ,
मुफ़लिस के चूल्हे,मे भी आँच रहे!
भ्रष्टाचार,अत्याचार,अनाचार ,
का हो अंत !
देश से दूर ,आतंकवाद का,
हो कलंक !
देश की हर बहन ,बेटी हो शिक्षित,
ओर उनकी,आबरू रहे सुरक्षित!
समानता का, उन्हें भी मिले, अधिकार,
आजाद भारत में,ले सकें,
वो भी ,सुकून की ,साँस !
बेरोजगारी का दानव ,हो देश से दूर,
आने वाली पीढीयों को,
अपने देश पर, हो गुरुर!
अमन चेन की,दोलत से,
देश रहे मालामाल !
"आशा"की यही है आशा,
आप सब रहे खुशहाल !
...राधा श्रोत्रिय"आशा"
३१-१२-२०१४
आप सभी मित्रों को सपरिवार नव-वर्ष की हर्दिक शुभ-कामनायें >>>>>
आप सभी मित्रों को,
नव-वर्ष का अभि-नंदन !
उमंग,उल्लास ओर खुशियों से,
भरा रहे, आपका जीवन !
आपके अरमानों की उडान में,
नये पंख लग जायें !
बीती बातों को भूलें,
नये-नये सपने सजायें !
आरोग्य,सुख,ओर,समृद्धी से,
भरा रहे आपका जीवन !
दीपक की पावन, ज्योति सा,
मन का हर कोना रहे रोशन !
भूख से न कोई,बेहाल रहे ,
मुफ़लिस के चूल्हे,मे भी आँच रहे!
भ्रष्टाचार,अत्याचार,अनाचार ,
का हो अंत !
देश से दूर ,आतंकवाद का,
हो कलंक !
देश की हर बहन ,बेटी हो शिक्षित,
ओर उनकी,आबरू रहे सुरक्षित!
समानता का, उन्हें भी मिले, अधिकार,
आजाद भारत में,ले सकें,
वो भी ,सुकून की ,साँस !
बेरोजगारी का दानव ,हो देश से दूर,
आने वाली पीढीयों को,
अपने देश पर, हो गुरुर!
अमन चेन की,दोलत से,
देश रहे मालामाल !
"आशा"की यही है आशा,
आप सब रहे खुशहाल !
...राधा श्रोत्रिय"आशा"
३१-१२-२०१४
आप सभी मित्रों को सपरिवार नव-वर्ष की हर्दिक शुभ-कामनायें >>>>>
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